आखिर इंसानो ने खोद ही लिया दुनिया का सबसे बड़ा गड्ढा, 20 सालो में तैयार हुए इस गड्ढे के राज़ जान हैरान हो जायेंगे आप!

आपने आजतक कई गड्ढे देखे होंगे और कई तो काफी गहरे भी होंगे जिनकी गहराई भी ऊपर की

स्वर्ग और नर्क का नाम तो आपने ज़रूर सुना ही होगा. कहते हैं की यहां जाना भी आप ही के कर्म से लिखा होता हैं अगर कर्म अच्छे करोगे तो स्वर्ग पाओगे और अगर कर्म बुरे करोगे तो नर्क पाओगे. स्वर्ग में गए तो वहां उसके स्वागत में अप्सराएं होती हैं. अच्छा खाना और अच्छी जिंदगी के साथ इंसान स्वर्ग में ऐश करता है. लेकिन अगर इंसान ने बुरे कर्म किये हैं, तो उसकी लाइफ खत्म होने के बाद नर्क में एंट्री होती है. नर्क में जलती आग में इंसान की आत्मा को झोंक दिया जाता है. हालांकि, किसी जीवित ने आजतक स्वर्ग या नर्क को देखा नहीं है.
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अब इंसान ने नर्क के द्वार को खुद ही बना डाला है. जी हां, पिछले बीस सालों से कई वैज्ञानिक इस द्वार को तैयार कर रहे थे. अब जाकर नर्क का द्वार बन गया है. धरती से चालीस हजार फ़ीट नीचे इस द्वार को कई मजदूरों ने खोद कर बनाया है. जी हां, धरती के सबसे गहरे छेद को ही नर्क का द्वार बताया जा रहा है. रुस के द कोला सुपरडीप बोरहोल को कई लोगों ने नर्क का द्वार बताया. ये चालीस हजार फ़ीट नीचे है. इसे रुस ने साइंस के नाम पर बनाया है. एक्सपर्ट्स ने इस गहरे गड्ढे की खुदाई धरती के इतने नीचे के रहस्य को जानने के लिए करवाई है.
लगभग दो दशकों से चल रहा था कार्य 
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इस गड्ढे की खुदाई आज से नहीं चल रही थी. सत्तर के दशक में ही इसकी शुरुआत हो गई थी. दो दशक के बाद इस छेद को 12 हजार दो सौ मीटर गहरा खोद दिया गया. 1992 में इस गड्ढे की खुदाई को रोक दिया गया था. अंदर का तापमान 180 डिग्री सेल्सियस चला गया था. जिसे साइंटिस्ट्स ने बेहद गर्म बताया. साथ ही इस बात का भी अंदेशा लगाया कि और गहरे गड्ढे में तापमान और भी ज्यादा होता जाएगा.
जाने क्या हैं अंदर का राज़?
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अब इतनी गहराई में खुदाई हो जाने के बाद अंदर का एक 17 सेकंड का वीडियो जारी किया गया है. अंदर से अजीबोगरीब आवाज रिकॉर्ड की गई है. साथ ही अन्य चीजों को रिकॉर्ड करने के लिए हीट रेजिस्टेंट माइक्रोफोन का इस्तेमाल किया जा रहा है. अभी साइंटिस्ट्स इस छेद को और गहरा करना चाहते हैं. 
लेकिन इसके लिए जरुरी सामान का हीट रेजिस्टेंट होना जरुरी है. अभी तक जितनी खुदाई हुई है, उसमें करीब 24 तरह के कई सालों पुराने मरे सिंगल सेल के ऑरगनिज्म मिले हैं. इसके अलावा 2.7 बिलियन साल पुराने पत्थर भी मिले हैं. साइंटिस्ट्स लगातार इस गड्ढे में छिपे और राज ढूंढने की कोशिश कर रहे हैं. जल्द ही कोई बड़ा नया खुलासा हो सकता है.

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