जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री और नेशनल कांफ्रेस के उपाध्यक्ष उमर अब्दुल्ला ने केन्द्र सरकार के पूर्व नजीरों को दरकिनार करने, राजनीतिक प्रभाव को तोड़ने और विभिन्न लोगों को राजनीतिक बिसात पर रखने नीति संबंधी मीडिया रिपोर्ट पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि इसी के मद्देनजर घाटी के लोग नये चेहरे और नये गठबंधन थोपे जाने पर उन्हें शक की नजर से देख रहे हैं।
श्री अब्दुल्ला ने सवाल किया, ‘‘ कश्मीर के मतदाता यह जानने में भरोसा क्यों नहीं रखते कि उनके लिए अच्छा क्या है।’’ श्री अब्दुल्ला ने अपने ट््वीट में लिखा, ‘‘ केन्द, सरकार राजनीतिक बिसात पर विभिन्न मोहरों को रखना चाहती है। यही कारण है कि घाटी के लोग उन पर थोपे जा रहे नये चेहरे और नए गठबंधनों पर गहरा संदेह करते हैं। कश्मीर के मतदाताओं को यह भरोसा क्यों नहीं हो रहा कि उनके लिए क्या अच्छा है।


















